भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) के पूर्व गवर्नर रघुराम राजन को अमेरिका में एक अहम जिम्मेदारी मिली है। अमेरिकी फेडरल रिजर्व के नए चेयरमैन केविन वॉर्श ने अपनी सुधार योजना के तहत बनाई गई एक विशेष टास्क फोर्स में राजन को शामिल किया है।
रघुराम राजन को फेडरल रिजर्व की बैलेंस शीट पॉलिसी टास्क फोर्स में नियुक्त किया गया है। यह पैनल फेड की मौजूदा बैलेंस शीट व्यवस्था की लागत, फायदे और इसके संस्थागत प्रभावों का अध्ययन करेगा।
राजन के साथ दो और भारतीय मूल के विशेषज्ञ शामिल
केविन वॉर्श की टीम में रघुराम राजन के अलावा दो अन्य भारतीय मूल के विशेषज्ञों को भी जगह दी गई है।
इनमें शामिल हैं:

राज चेट्टी — दिल्ली में जन्मे अमेरिकी अर्थशास्त्री
आशा शर्मा — माइक्रोसॉफ्ट की वरिष्ठ कार्यकारी अधिकारी
राजन को हार्वर्ड की अर्थशास्त्री करेन डायनान और फेडरल रिजर्व के पूर्व गवर्नर जेरेमी स्टीन के साथ इस पैनल में शामिल किया गया है।

केविन वॉर्श बना रहे हैं पांच टास्क फोर्स
US फेड चेयरमैन केविन वॉर्श अपनी नीतियों और सुधार कार्यक्रमों को आगे बढ़ाने के लिए कुल पांच टास्क फोर्स तैयार कर रहे हैं। इनमें दुनिया के कई प्रमुख अर्थशास्त्रियों और उद्योग विशेषज्ञों को शामिल किया जा रहा है।
अन्य विशेषज्ञों में:
बैंक ऑफ इंग्लैंड के पूर्व गवर्नर मर्विन किंग
वॉलमार्ट के पूर्व सीईओ डग मैकमिलन

नोबेल पुरस्कार विजेता अर्थशास्त्री थॉमस सार्जेंट

सिलिकॉन वैली के निवेशक मार्क एंड्रीसन
जैसे नाम शामिल हैं।

रघुराम राजन का लंबा आर्थिक अनुभव
रघुराम राजन भारतीय और वैश्विक वित्तीय क्षेत्र में एक जाना-पहचाना नाम हैं। उन्होंने कई महत्वपूर्ण पदों पर काम किया है।
साल 2003 से 2006 तक वह अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (IMF) में मुख्य अर्थशास्त्री और रिसर्च विभाग के निदेशक रहे।
2012-2013 के दौरान उन्होंने भारत सरकार के मुख्य आर्थिक सलाहकार की जिम्मेदारी संभाली।
2013 में उन्हें भारतीय रिजर्व बैंक का 23वां गवर्नर नियुक्त किया गया।
वह 2013 से 2016 तक RBI गवर्नर रहे।
अब अमेरिकी फेडरल रिजर्व की इस टास्क फोर्स में उनकी भूमिका वैश्विक मौद्रिक नीति को लेकर महत्वपूर्ण मानी जा रही है।