जम्मू-कश्मीर के प्रसिद्ध पर्यटन स्थल गुलमर्ग में सोमवार को बड़ा हादसा टल गया, जब गोंडोला केबल कार सिस्टम में तकनीकी खराबी आने के कारण कई केबिन हवा में रुक गए। अचानक सेवाएं बंद होने से सैकड़ों पर्यटक बीच हवा में फंस गए, जिससे मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
जानकारी के मुताबिक, गोंडोला के दोनों फेज की सेवाएं रोकनी पड़ीं और करीब 65 केबिन बीच रास्ते में अटक गए। घटना के तुरंत बाद प्रशासन, पुलिस और सुरक्षा एजेंसियों ने राहत एवं बचाव अभियान शुरू किया। अब तक 80 से अधिक लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला जा चुका है।
रेस्क्यू ऑपरेशन में भारतीय सेना ने अहम भूमिका निभाई। सेना के प्रशिक्षित जवान रस्सियों और विशेष उपकरणों की मदद से केबिन तक पहुंचे और फंसे हुए पर्यटकों को सुरक्षित नीचे उतारा। सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में जवानों को कठिन परिस्थितियों में लोगों की जान बचाते देखा जा सकता है।
नॉर्दन कमांड के अनुसार, चिनार कॉर्प्स, स्थानीय प्रशासन और गोंडोला ऑपरेटर्स की मदद से राहत अभियान चलाया गया। शुरुआती चरण में दर्जनों केबिनों से बड़ी संख्या में यात्रियों को सुरक्षित निकाला गया, जबकि बाकी लोगों को निकालने का काम लगातार जारी रहा।
कश्मीर पुलिस ने बताया कि तकनीकी खराबी अस्थायी थी और फिलहाल इसकी जांच की जा रही है। शुरुआती तौर पर ओवरलोडिंग को भी संभावित कारण माना जा रहा है, हालांकि अंतिम कारण तकनीकी जांच के बाद ही स्पष्ट होगा।

गुलमर्ग गोंडोला एशिया की सबसे लोकप्रिय और ऊंची केबल कार सेवाओं में शामिल है, जहां हर साल हजारों पर्यटक घूमने पहुंचते हैं। घटना के बाद इंजीनियरिंग टीमें सिस्टम को दोबारा सामान्य करने में जुटी हुई हैं।


